जब पासवर्ड ने रोक दिया एक बच्ची का अपहरण

कल पासवर्ड डे था और इसी बीच एक ऐसा पोस्ट मिल गया जिसने पासवर्ड की अहमियत और बढ़ा दी मेरे लिए. पासवर्ड क्यूँ और कहा लगाते हैं अब तो लगभग सबको पता हैं. मेरे ३.५ साल के बेटे को भी पता हैं कि पासवर्ड से चीजे बंद हो जाती हैं और तभी खुल सकती हैं…

आसमान की ये परियां..

अच्छा लगता है जब ऐसी महिलाओ के बारे में जानने को मिलता है जो कुछ अलग कर रही है, जिनकी अपनी अलग पहचान है और जिन्होंने समाज के नियमो को चुनौती देकर अपने लिए एक सम्मानजनक मुकाम हासिल किया है. पिछले दिनों आपने अवनि चतुर्वेदी का नाम तो सुना ही होगा. अवनि देश की पहली…

बच्चों की किताबो में दुनिया अलग होती है..

रिद्धि और सिद्धि दो बहने बस ३ और १ साल की थी जब उनकी माँ गुजर गई. रिद्धि के पापा ने बच्चों की छोटी उम्र के चलते सबके कहने पर दूसरी शादी कर ली. पर जैसा कि हमेशा होता है नई माँ दोनों बहनो के साथ अच्छा बर्ताव नहीं करती थी. सिद्धि तो छोटी थी…

कुछ बीज नए तो कुछ पुराने परवरिश में..

हमारे घरो में ये आम बात है कि छोटे बच्चे सोने से पहले कहानी या लोरिया सुनते है अपनी माँ से. मेरा घर भी कुछ अलग नही है. बस मेरे घर में हम दोनों पति पत्नी मिलकर ये काम करते है. मुझे गाने का शौक है और अच्छी बात ये है कि मेरे पतिदेव को…

सीख रही हूं मैं भी हर दिन कुछ ना कुछ..

इस महीने की शुरुवात मेरे घर में बीमारियों से हुई. पहले मैं, फिर मेरा बेटा और फिर उसके पापा बीमार पड़े. मेरी थोड़ी सम्भली ही थी कि बेटे का बुखार बढ़ने लगा. दवाओं के बावजूद जब ६ दिन के बाद भी बुखार नही कम हुआ तो बारी आ गई टेस्ट करवाने की. पतिदेव के मन…

आप बड़े होकर क्या बनना चाहते हो?

“आप बड़े होकर क्या बनना चाहते हो?” ये सवाल पता नहीं कब से लोग बच्चो से पूछते चले आ रहे हैं.. मैं जब छोटी थी तो मैं पहले डॉक्टर बनना चाहती थी. पर एक दिन जब गलती से मेरे हाथो एक मेढक दरवाजे के नीचे दब गया तो मुझे लगा मैं डॉक्टर नहीं बन पाऊँगी….

बच्चो के लेने दे गर्मी की छुट्टियों के मज़े..

जब से स्कूल बंद हुए हैं बच्चो के, समर कैंप के विज्ञापनों की बाढ़ आ गई है. मेरा बेटा तो अभी स्कूल भी नहीं जाता फिर भी मेरे इनबॉक्स में कितने ही मेल्स है अलग अलग समर कैंप आयोजको के. हर कोई कुछ ‘अलग’ करने और होने के बात कर रहा है. कोई स्विमिंग की…

जरूरत है बच्चो की परवरिश का नजरिया बदलने की..

कुछ बाते हम सदियों से सुनते और करते आ रहे है. जैसे “सुबह का नाश्ता राजाओ के जैसा होना चाहिए..”, “रात में नाखून नहीं काटने चाहिए..” और ” गुरुवार को कपड़े नहीं धोने चाहिए..” हम ज्यादातर इसके पीछे के कारण को पता करने के बारे में सोचते नहीं है, और क्यूकि सभी ऐसा ही कर…

तेरा इमोशनल अत्याचार…

‘इमोशनल अत्याचार’ एक मुहावरे के जैसे आजकल बड़ा आम हो गया लोगो के बीच, है ना? जब से ‘देव डी’ फिल्म का गाना ‘तेरा इमोशनल अत्याचार..’ आया, हम सभी ऐसे खूब बोलते है जब भी हमे लगता है कि सामने वाला हमे बातो से ठगने की कोशिश कर रहा है. ‘इमोशनल अत्याचार’ शायद कैकेई ने…

बेटा, तुम सबका प्यार देते हो..

मैं अपने घर से २००५ में बाहर निकली थी प्रोफेशनल कोर्स के लिए. मेरा होमटाउन एक छोटा शहर है और पढाई के सीमित अवसर होने के वजह से मुझे घर से ६०० किलो मीटर दूर आना पड़ा. पढाई ने काफी कुछ दिया, अच्छी जॉब, बेहतर जिंदगी और खूब सारा आत्मविश्वास पर घर से दूर रहना…

बढ़ते युवा अपराधी, कारण क्या है?

जब भी कोई रेप की घटना सुनाई देती है, मैं और मेरे पतिदेव समाज में फैलती असंवेदनशीलता की चिंता करते है. मैंने पाया कि ज्यादातर ऐसी घटनाओ में किशोर लड़के ही अपराधी होते है. शहरो की बजाय छोटे कस्बो और गाओं में दिन प्रतिदिन किशोरों के रेप जैसे संगीन अपराधों में शामिल होने की बात…

असफलता का भय..

मैंने बचपन में बड़ी सफलताएं देखी. मानो कुछ सितारे ही बुलंद थे कि जहाँ हाथ लगाया वहां सफलता मिल जाती थी. बिना ज्यादा मेहनत के पढाई में भी अच्छी थी मैं. सेहत से ठीक और मस्त मौला होने के साथ साथ, सबकी मैं चहेती भी थी. घर हो या मोहल्ला, सभी मुझे पसंद करते थे….