लॉकडाउन डायरी – बुझी आँखों का सच 

मिसेज सलूजा की सखियों की टोली में कभी-कभार बैठने वाली एक सदस्य थी अपर्णा की मम्मी. किसी को अपर्णा की मम्मी का नाम नहीं पता, सब उन्हें बस यही कह कर…

लॉकडाउन डायरी – दूरियाँ बड़ा सता गई.. 

१९ मार्च २०२०, प्रधानमंत्री जी के राष्ट्र के नाम संबोधन के साथ ही अपने देश में भी कोरोना की दस्तक हो जाने की बात एक आम आदमी तक पहुंची . कोविड-१९ महामारी अपने देश में…

पुरानी चीजों का लगाव..

पिछले दिनों एक पुराने दोस्त से बात हुई. स्कूल के बाद अब उससे बात करने का मौका मिला. हम दोनों ने ही अपनी अपनी जिंदगियों के कुछ पन्ने पलटे. पढाई,…

#BlogchatterA2Z कथा-कस्तूरी ~ सोलहवीं कहानी.. 

एक बड़े ही ज्ञानी मुनि थे. वो जंगल में अपनी कुटिया बना कर रहते थे. उनके अक्रोध, शांत स्वभाव, क्षमा और दया जैसे गुणों की ख्याति दूर दूर तक थी.…